उत्तराखंड में गर्मी का रेड अलर्ट : आज से चार दिन पहाड़ भी तपेंगे, बर्फ पिघलने और हिमस्खलन का खतरा बढ़ा, एडवाइजरी जारी

By | April 9, 2022


माई सिटी रिपोर्टर, देहरादून
Published by: आकाश दुबे
Updated Sat, 09 Apr 2022 12:23 AM IST

सार

उत्तराखंड के कई इलाकों में जंगलों में आग लगने के बीच मौसम विभाग ने नौ अप्रैल से 12 अप्रैल तक तापमान सामान्य से बहुत अधिक रहने की आशंका जताते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। इससे फसलों और सब्जियों को नुकसान होने की आशंका जताई गई है। 
 

ख़बर सुनें

उत्तराखंड के कई इलाकों में जंगलों में लगी आग से वातावरण में बढ़ी गर्मी के कारण बर्फ पिघलने और हिमस्खलन का खतरा बढ़ गया है। इस बीच मौसम विभाग ने नौ तारीख से लेकर 12 तारीख तक पर्वतीय जिलों में तापमान के सामान्य से बहुत अधिक रहने की आशंका जताते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। बढ़ते पारे की वजह से फसलों और सब्जियों को भी भारी नुकसान हो सकता है। विभाग की ओर एडवाइजरी भी जारी की गई है।

मौसम विभाग के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक बिक्रम सिंह ने बताया कि 9, 10, 11 और 12 अप्रैल को उत्तरकाशी, टिहरी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, अल्मोड़ा, बागेश्वर, नैनीताल और चंपावत में सामान्य से बहुत ज्यादा तापमान रहने का अनुमान है। इस दौरान इन जिलों में कुछ स्थानों पर वनाग्नि की घटनाएं भी बढ़ सकती हैं। फसलों और सब्जियों पर भी गर्मी का असर दिखेगा।

वहीं उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिलों में उच्च हिमालयी क्षेत्रों (3500 मीटर से ज्यादा) वाले इलाकों में बर्फ पिघलने से हिमस्खलन होने का भी खतरा है। विभाग ने किसानों को तेज धूप से फसल को झुलसने से बचाने के लिए नियमित तौर पर सिंचाई करने के निर्देश दिए हैं।

विस्तार

उत्तराखंड के कई इलाकों में जंगलों में लगी आग से वातावरण में बढ़ी गर्मी के कारण बर्फ पिघलने और हिमस्खलन का खतरा बढ़ गया है। इस बीच मौसम विभाग ने नौ तारीख से लेकर 12 तारीख तक पर्वतीय जिलों में तापमान के सामान्य से बहुत अधिक रहने की आशंका जताते हुए रेड अलर्ट जारी किया है। बढ़ते पारे की वजह से फसलों और सब्जियों को भी भारी नुकसान हो सकता है। विभाग की ओर एडवाइजरी भी जारी की गई है।

मौसम विभाग के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक बिक्रम सिंह ने बताया कि 9, 10, 11 और 12 अप्रैल को उत्तरकाशी, टिहरी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, अल्मोड़ा, बागेश्वर, नैनीताल और चंपावत में सामान्य से बहुत ज्यादा तापमान रहने का अनुमान है। इस दौरान इन जिलों में कुछ स्थानों पर वनाग्नि की घटनाएं भी बढ़ सकती हैं। फसलों और सब्जियों पर भी गर्मी का असर दिखेगा।

वहीं उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिलों में उच्च हिमालयी क्षेत्रों (3500 मीटर से ज्यादा) वाले इलाकों में बर्फ पिघलने से हिमस्खलन होने का भी खतरा है। विभाग ने किसानों को तेज धूप से फसल को झुलसने से बचाने के लिए नियमित तौर पर सिंचाई करने के निर्देश दिए हैं।



Source link